सुविचार-सुन्दरकाण्ड-2
जय श्री राधे कृष्ण …….. " जब लगि आवौं सीता देखी, होइहि काजु मोहि हरष बिसेषी, यह कहि नाइ सबन्हि कहुँ माथा, चलेउ हरषि हिय धरि रघुनाथा….. !! भावार्थ:- जब तक मैं सीता जी को देखकर (लौट) न आऊं |...
जय श्री राधे कृष्ण …….. " जब लगि आवौं सीता देखी, होइहि काजु मोहि हरष बिसेषी, यह कहि नाइ सबन्हि कहुँ माथा, चलेउ हरषि हिय धरि रघुनाथा….. !! भावार्थ:- जब तक मैं सीता जी को देखकर (लौट) न आऊं |...
जय श्री राधे कृष्ण …….. " प्रेरणा सदैव लहरों से लेनी चाहिए, इसलिए नहीं कि वे उठती है और गिर जाती है..बल्कि इसलिए कि वे जब भी गिरती है तो फिर से एक नये जोश से उठ जाती है….. .!!...
जय श्री राधे कृष्ण …….. " जामवंत के बचन सुहाए, सुनि हनुमंत हृदय अति भाए, तब लगि मोहि परिखेहु तुम्ह भाई, सहि दुख कंद मूल फल खाई || भावार्थ:- जामवंत के सुंदर वचन सुनकर हनुमानजी के ह्रदय को बहुत भाए...
जय श्री राधे कृष्ण …….. " जब हम अपने दिल और दिमाग के थोड़े से भी हिस्से को बुराईयोँ से रिक्त कर देगेँ, तो वह रिक्त स्थान अपने हम सृज्जनता से भर जायेगा….. .!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से...
जय श्री राधे कृष्ण …….. " विचारों की खूबसूरती कहीं से भी मिले चुरा लेनी चाहिए…क्योंकि चेहरे की खूबसूरती तो उम्र के साथ बदल जाती है… मगर विचारों की खूबसूरती हमेंशा दिलों में अमर रहती है.. .!! सुप्रभात आज का...
जय श्री राधे कृष्ण …….. " आगे बढ़ते रहने के लिए यही सोच काफी है, कि हमारे जीवन का सबसे अच्छा समय आना अभी बाकी है… .!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से परिपूर्ण हो.....
जय श्री राधे कृष्ण …….. " किसी भी काम को करने के लिए, समय का हर क्षण सही होता है…!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से परिपूर्ण हो.....
जय श्री राधे कृष्ण …….. " जीवन में समस्या तो हर दिन खड़ी है, जीत जाते हैं वो जिनकी सोच बड़ी है….!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से परिपूर्ण हो.....
जय श्री राधे कृष्ण …….. " अच्छाइयों का एक एक तिनका चुन चुन कर जीवन भवन का निर्माण होता है, पर बुराई का एक हल्का झोंका ही उसे मिटा डालने के लिए पर्याप्त होता है…..!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता...
जय श्री राधे कृष्ण …….. " "पवन तनय संकट हरन, मंगल मूरति रूप, राम लखन सीता सहित, हृदय बसहु सुर भूप"…!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से परिपूर्ण हो.....