सुविचार
जय श्री राधे कृष्ण ….. " सिर्फ एक बहाने की तलाश में होता है,निभाने वाला भी और त्यागने वाला भी…..!! सुप्रभात ☀️ आज का दिन आपके जीवन मेंप्रसन्नता, सकारात्मकता और मधुर ऊर्जा लेकर आए.…...
जय श्री राधे कृष्ण ….. " सिर्फ एक बहाने की तलाश में होता है,निभाने वाला भी और त्यागने वाला भी…..!! सुप्रभात ☀️ आज का दिन आपके जीवन मेंप्रसन्नता, सकारात्मकता और मधुर ऊर्जा लेकर आए.…...
सन्तोष की साँस सेठ राम सजीवन नगर के प्रमुख व्यवसायी थे। वे अपने पुत्र एवं पत्नी के साथ सुखी जीवन बिता रहे एक दिन अचानक उन्हें खून की उल्टी हुई और चिकित्सकों ने जाँच के उपरान्त पाया कि वे कैंसर...
जय श्री राधे कृष्ण ….. " दुख दिमाग की उपज है, हम जितना सोचते हैं, उतना ही बढ़ता जाता है….!! सुप्रभात ☀️ आज का दिन आपके जीवन मेंप्रसन्नता, सकारात्मकता और मधुर ऊर्जा लेकर आए.…...
नोटिस गल गयी दो भाई थे, दोनों भाइयों में बहुत प्रेम था। उनकी कपड़े की दूकान थी। दोनों भाई उस दूकान पर बैठते और घर में भी एक साथ प्रेम से रहते। भाइयों की पत्नियों में थोड़ा-बहुत विवाद हो भी...
जय श्री राधे कृष्ण ….. " किसी की आत्मा पर इतनी गहरी चोट नहीं करनी चाहिए , की ईश्वर स्वयं उसके पक्ष मे आकर खड़ा हो जाये….!! सुप्रभात ☀️ आज का दिन आपके जीवन मेंप्रसन्नता, सकारात्मकता और मधुर ऊर्जा लेकर...
श्रेष्ठ सोचें-श्रेष्ठ पायें ऊँची आवाज नहीं अपितु ऊँची सोच ही व्यक्ति को महान बनाती है। विचारों की संकीर्णता जीवन की श्रेष्ठता के पथ में बाधक का कार्य करती हैं। बिना ऊँची सोच के ऊँचे लक्ष्य की प्राप्ति संभव नहीं है...
जय श्री राधे कृष्ण ….. " सबके साथ नरमी से व्यवहार करे, किसका मन कितना थका हुआ है ये ऊपर से नज़र नहीं आता…….!! सुप्रभात ☀️ आज का दिन आपके जीवन मेंप्रसन्नता, सकारात्मकता और मधुर ऊर्जा लेकर आए.…...
अधूरा दीपक बहुत समय पहले की बात है। एक छोटे से नगर में एक वृद्ध कुम्हार रहता था। वह मिट्टी के दीपक बनाकर अपना जीवन यापन करता था। उसके बनाए दीपक पूरे नगर में प्रसिद्ध थे। एक दिन उसने कई...
जय श्री राधे कृष्ण ….. " किसी की तारीफ करने के लिए जिगर चाहिए, बुराई तो बिना हुनर के भी की जा सकती है …….!! सुप्रभात ☀️ आज का दिन आपके जीवन मेंप्रसन्नता, सकारात्मकता और मधुर ऊर्जा लेकर आए.…...
जड़ से ही काट दो एक संत घूमते घूमते एक छोटे से गांव में आए। वहां संत बड़े आश्चर्य में पड़ गए क्योंकि गांव में एक विचित्र सी गंध थी,और बीच कहीं से बड़ा धुआं उठ रहा था। जैसे जैसे...