राजपूत और शराब
राजपूत और शराबमुगल बादशाह का दिल्ली में दरबार लगा था और हिंदुस्तान के दूर दूर के राजा महाराजा दरबार में हाजिर थे। उसी दौरान मुगल बादशाह ने एक(मजाक) दम्भोक्ति की है कोई हमसे बहादुर इस दुनिया में है? सभा में...
राजपूत और शराबमुगल बादशाह का दिल्ली में दरबार लगा था और हिंदुस्तान के दूर दूर के राजा महाराजा दरबार में हाजिर थे। उसी दौरान मुगल बादशाह ने एक(मजाक) दम्भोक्ति की है कोई हमसे बहादुर इस दुनिया में है? सभा में...
कठिन समय कठिन समय में आप क्या बनते हैं, यह आप पर निर्भर करता है। एक बार कि बात है, एक कक्षा में गुरूजी अपने सभी छात्रों को समझाना चाहते थे कि प्रकर्ति सभी को समान अवसर देती हैं और...
केकड़ों की सीख एक समय की बात है, भारत से कुछ केकड़े (crabs) जापान भेजे गए। उन्हें समुद्र के रास्ते एक खुले कंटेनर में रखा गया था। जब जहाज़ जापान पहुँचा, तो वहाँ के लोगों ने केकड़ों की गिनती की।...
कर्मों की गूँज: एक निस्वार्थ भेंट दिल्ली के एक बड़े और प्रतिष्ठित अस्पताल में एक दिन एक अत्यंत गंभीर मरीज को लाया गया। उसकी हालत इतनी नाजुक थी कि उसे तुरंत गहन चिकित्सा इकाई (ICU) में भर्ती करना पड़ा। जब...
अपनों की गद्दारी गाँव के बाहर एक घना जंगल था। वही जंगल गाँव की पहचान था—बरसात में हरियाली, गर्मियों में ठंडी छाँव और सर्दियों में लकड़ियों की ऊष्मा। उसी जंगल के किनारे रहता था रघु, सीधा-सादा, मेहनती और सब पर...
ईश्वर की विशेष कृपा 🌹ये संकेत बताते हैं कि आप भगवान के करीब हैं, बरसने लगी है ईश्वर की विशेष कृपा🌹 ⭕भगवान की कृपा पाने के लिए लोग पूजा-पाठ प्रार्थनाएं करते हैं. जब वाकई भगवान की विशेष कृपा होती है...
पशुओं और पक्षियों का युद्ध एक बार जंगल के पशुओं और पक्षियों में किसी बात को लेकर अनबन हो गई। युद्ध छिड़ गया। पशुओं की लंबी-चौड़ी सेना थी, जिसमें राजा शेर के अतिरिक्त लोमड़ी, भेड़िया, भालू, जिराफ, सियार, खरगोश आदि...
तभी तो एक बार की बात है, एक अति-उत्सुक साधु बाबा विचरण करते हुए एक ऐसे शहर में पहुँचे, जहाँ की प्रजा खुशहाल थी। महाराज का नाम सुनकर साधु को उनसे मिलने की तीव्र इच्छा हुई। "जिस राजा के राज्य...
हम हाथी नहीं, इंसान हैं एक आदमी कहीं से गुजर रहा था, तभी उसने सड़क के किनारे बंधे हाथियों को देखा और अचानक रुक गया। उसने देखा कि हाथियों के अगले पैर में एक रस्सी बंधी हुई है, उसे इस...
झगड़े का मूल कारण एक बार एक सेठ अपनी दुकान पर बेठे थे.. दोपहर का समय था इसलिए कोई ग्राहक भी नहीं था तो वो थोड़ा सुस्ताने लगे.. इतने में ही एक संत भिक्षक भिक्षा लेने के लिए दुकान पर...