सुविचार-सुन्दरकाण्ड-162
जय श्री राधे कृष्ण ……. "चलत मोहि चूड़ामणि दीन्ही, रघुपति हृदयँ लाइ सोइ लीन्ही, नाथ जुगल लोचन भरि बारी, बचन कहे कछु जनक कुमारी ।। भावार्थ:- चलते समय उन्होंने मुझे चूड़ामणि (उतार कर) दी । श्री रघुनाथ जी ने उसे...
जय श्री राधे कृष्ण ……. "चलत मोहि चूड़ामणि दीन्ही, रघुपति हृदयँ लाइ सोइ लीन्ही, नाथ जुगल लोचन भरि बारी, बचन कहे कछु जनक कुमारी ।। भावार्थ:- चलते समय उन्होंने मुझे चूड़ामणि (उतार कर) दी । श्री रघुनाथ जी ने उसे...
गलंतिका-शिवलिंग के ऊपर बांधी जाने वाली मटकी हम कई बार शिवलिंग के ऊपर एक मटकी बंधी हुई देखते हैं, जिसमें...
जय श्री राधे कृष्ण ……. "नाम पाहरू दिवस निसि ध्यान तुम्हार कपाट, लोचन निज पद जंत्रित जाहिं प्रान केहिं बाट...
बूढ़ा पिता गाँव में एक बूढ़ा व्यक्ति अपने बेटे और बहु के साथ रहता था । परिवार सुखी संपन्न था...
जय श्री राधे कृष्ण ……. "सुनत कृपानिधि मन अति भाए, पुनि हनुमान हरषि हियँ लाए, कहहु तात केहि भाँति जानकी,...
https://youtube.com/shorts/izobIIZFYQY?si=DmVYvZNaUjHd7vG6...
ईमानदारी : सबसे बड़ा धन मुरारी लाल अपने गाँव के सबसे बड़े चोरों में से एक था। मुरारी रोजाना जेब...
जय श्री राधे कृष्ण ……. "नाथ पवनसुत कीन्हि जो करनी, सहसहुँ मुख न जाइ सो बरनी, पवनतनय के चरित सुहाए,...
मायका और ससुराल "अरे सीमा तुमने मेहंदी नहीं लगाई, इस बार करवा चौथ पर तुम तो कितनी अच्छी मेहंदी लगाती...
जय श्री राधे कृष्ण ……. "सोइ बिजई बिनई गुन सागर, तासु सुजसु त्रैलोक उजागर, प्रभु कीं कृपा भयउ सबु काजू,...