सुविचार
जय श्री राधे कृष्ण ….. " माना की दुनिया बुरी है, मतलबी है, तो होने दे , बस हम ,अपनों के लिए, अच्छे और सच्चे बने रहे ! सदैव यह याद रखे की ईश्वर हमारे साथ है, वह हमारा कभी...
जय श्री राधे कृष्ण ….. " माना की दुनिया बुरी है, मतलबी है, तो होने दे , बस हम ,अपनों के लिए, अच्छे और सच्चे बने रहे ! सदैव यह याद रखे की ईश्वर हमारे साथ है, वह हमारा कभी...
वाल्मीकि रामायण -भाग 44 समुद्र को पार करके हनुमान जी महेन्द्रगिरि पर उतरे। अपने वानर-मित्रों से शीघ्र मिलने की उत्सुकता में उन्होंने बड़े तीव्र स्वर में गर्जना की। उसे सुनते ही जाम्बवान हर्ष से खिल उठे। तुरंत ही उन्होंने सब...
जय श्री राधे कृष्ण ….. " रिश्ता होने से रिश्ता नहीं बनता, रिश्ता निभाने से रिश्ता बनता है…!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से परिपूर्ण हो.....
वाल्मीकि रामायण -भाग 43 सीता जी से विदा लेकर हनुमान जी उत्तर दिशा की ओर बढ़े। लेकिन कुछ दूर जाने पर उन्होंने विचार किया कि ‘सीता जी का पता तो मैंने लगा लिया, किन्तु शत्रु की शक्ति का पता लगाना...
जय श्री राधे कृष्ण ….. " चाहे अपनों के लिए सारे संसार से लड़ लेना…..मगर कभी भी संसार की बातों में आकर अपनों से मत लड़ना…..क्योंकि संसार कभी साथ नही देता…..साथ हमेशा अपने ही देते है….!! सुप्रभात आज का दिन...
वाल्मीकि रामायण -भाग 42सीता को अपने वश में करने का उन राक्षसियों को आदेश देकर रावण वहाँ से चला गया। उसके जाते ही सब भयंकर राक्षसियां सीता को घेरकर बैठ गईं। हरिजटा, विकटा, दुर्मुखी आदि राक्षसियाँ एक-एक करके अत्यंत कठोर...
जय श्री राधे कृष्ण ….. " छल, कपट और पाप सिर्फ उतना ही करना चाहिए जितना भुगतने का सामर्थ्य हो…!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से परिपूर्ण हो.....
जय श्री राधे कृष्ण ….. " छल, कपट और पाप सिर्फ उतना ही करना चाहिए जितना भुगतने का सामर्थ्य हो…!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से परिपूर्ण हो.....
जय श्री राधे कृष्ण ….. " छल, कपट और पाप सिर्फ उतना ही करना चाहिए जितना भुगतने का सामर्थ्य हो…!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से परिपूर्ण हो.....
वाल्मीकि रामायण -भाग 41रावण के महल में हर ओर खोजने पर भी जब सीता नहीं दिखाई दीं, तो हनुमान जी बहुत चिंतित हो गए। उनके मन में विचार आया कि ‘अवश्य ही सीता अब जीवित नहीं हैं। इस दुराचारी राक्षस...