सुविचार
जय श्री राधे कृष्ण ….. " अजीब मगर सत्य… चोट पैर की जिस उंगली में लगी हो ठोकर भी पैर की उसी उंगली में लगती है, बस यही जिंदगी है…..!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से परिपूर्ण हो.....
जय श्री राधे कृष्ण ….. " अजीब मगर सत्य… चोट पैर की जिस उंगली में लगी हो ठोकर भी पैर की उसी उंगली में लगती है, बस यही जिंदगी है…..!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से परिपूर्ण हो.....
मूर्ति पूजाकिसी धर्म सभा में एक बार एक कुटिल और दुष्ट व्यक्ति, मूर्ति पूजा का उपहास कर रहा था, “मूर्ख लोग मूर्ति पूजा करते हैं। एक पत्थर को पूजते हैं। पत्थर तो निर्जीव है। जैसे कोई भी पत्थर। हम तो...
जय श्री राधे कृष्ण ….. " अजीब मगर सत्य… चोट पैर की जिस उंगली में लगी हो ठोकर भी पैर की उसी उंगली में लगती है, बस यही जिंदगी है…..!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से परिपूर्ण हो.....
किस्मत की दस्तक कुन्दनलाल सारा दिन धूप में इधर-उधर घूम-फिर कर टूटा-फूटा सामान और कबाड़ जमा करता और फिर शाम को उसे बड़े कबाड़ी की दुकान पर बेचकर पेट भरने लायक कमा लेता था। एक दिन वह एक घर से...
जय श्री राधे कृष्ण ….. " वक़्त पूछ के नहीं आता साहब, कई बार जजों को भी वक़ील करने पड़ जाते हैं…!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से परिपूर्ण हो.....
वाह वाह की भूखएक बार संगत में एक भाई आने लगा वो गीत बहुत सुंदर गाता था, सारी संगत प्रसन्न हो जाती थी। एक बार संयोजन महात्मा का आगमन हुआ ,मुखी महात्मा ने कहा कि ये गीतकार महात्मा बहुत अच्छे...
जय श्री राधे कृष्ण ….. " सहयोग वो अनमोल उपहार है, जो देने और लेने दोनों में अच्छा लगता है….!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से परिपूर्ण हो.....
अंगद जी और अक्षय कुमार हनुमान जी और अंगद जी दोनों ही समुद्र लाँघने में सक्षम थे, फिर पहले हनुमान जी लंका क्यों गए???...."अंगद कहइ जाउँ मैं पारा। जियँ संसय कछु फिरती बारा॥" अंगद जी बुद्धि और बल में बाली...
जय श्री राधे कृष्ण ….. " ज़िंदगी में खत्म होने जैसा कुछ नहीं होता, हमेशा एक नई शुरुआत हमारा इंतज़ार करती है…….!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से परिपूर्ण हो.....
ढपोलशंख एक गृहस्थ ने साधु-बाबा की बहुत सेवा की थी । साधुबाबा के पास पद्म नामका एक छोटा सा शंख था , जब गृहस्थ साधु के आश्रम से घर लौटने लगा तो साधु ने उसकी सेवा से प्रसन्न हो कर...