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Lalit Tripathi

Lalit Tripathi
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सामान्य (ऑर्डिनरी) इंसान की असमान्य (एक्स्ट्रा ऑर्डिनरी) इंसान बनने की यात्रा
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पचास रूपये

शहर में मंदिर बनने का काम जोर शोर से चल रहा था.. लाखों की तादाद में लोग मंदिर समिति को दान दे रहे थे जिससे मंदिर निर्माण में कोई रुकावट न आ सके…रिक्शा चलाने वाला राजु तीन दिन से रोज...

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भगवान बड़े दयालु हैं

एक बार एक अमीर सेठ के यहाँ एक नोकर काम करता था। अमीर सेठ अपने नौकर से तो बहुत खुश था, लेकिन जब भी कोई कटु अनुभव होता तो वह ईश्वर को अनाप शनाप कहता और बहुत कोसता था। एक...

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करवा चौथ

कालेज के स्टाफ रूम में सभी महिला लेक्चरार एक ही डिस्कशन कर रही थी कि कल करवा चौथ पर पति ने तुम्हे क्या दिया या तुमने क्या मांगा। कोई नई रिंग तो कोई नए डायमंड टाप्स दिखा रही थी। किसी...

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कोकून:-तितली का संघर्ष

एक बार एक आदमी को अपने उद्यान में टहलते हुए किसी टहनी से लटकता हुआ एक तितली का कोकून दिखाई पड़ा. अब हर रोज़ वो आदमी उसे देखने लगा , और एक दिन उसने ध्यान किया कि उस कोकून में...

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अनोखा अपनापन-बाबूजी

"अमित, अरे बाबूजी उठे नहीं क्या अभी तक ? टाइम पर दवा नहीं लेने से उनकी तबियत बिगड़ जाती है। अमित, जरा देखोगे क्या उनके कमरे में जाकर ? मैं रोटियाँ बना रही हूँ, सब्जी भी गैस पर रखी है,...

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आइये हनुमानजी, बिराजिये

एक पंडित जी  रामायण कथा सुना रहे थे।  लोग आते और आनंद विभोर होकर जाते। पंडित जी का नियम था रोज कथा शुरू  करने से पहले "आइए हनुमंत जी  बिराजिए" कहकर हनुमान जी का आह्वान करते थे, फिर एक घण्टा...

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गुरु नानक देव जी और गरीब की रोटी

गुरु नानक देव जी के समय एक प्रतिष्ठित व धनी व्यक्ति रहता था जिसका नाम मलिक भागो था| एक दिन उसने अपने पिता का श्राद्ध किया| दूर-दूर से संत महात्मा बुलाए गए और भोजन खिलाया गया, ताकि उसे धर्म लाभ...

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गुस्से को शान्त करने का एक सुंदर उदाहरण

एक वकील ने सुनाया हुआ एक हृदयस्पर्शी किस्सा - "मै अपने चेंबर में बैठा हुआ था, एक आदमी दनदनाता हुआ अन्दर घुसा। उसके हाथ में कागज़ो का बंडल, धूप में काला हुआ चेहरा, बढ़ी हुई दाढ़ी, सफेद कपड़े जिनमें पांयचों...

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सच्ची दोस्ती

वह शाम को ऑफिस से घर लौटा, तो पत्नी ने कहा कि आज तुम्हारे बचपन के दोस्त आए थे, उन्हें दस हजार रुपए की तुरंत आवश्यकता थी, मैंने तुम्हारी आलमारी से रुपए निकालकर उन्हें दे दिए। कहीं लिखना हो, तो...

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जिम्मेदारी-भाग लो या भाग लो

सरला की नई-नई शादी हुई थी। ससुराल से 1 महीने बाद जब अपने मायके लौटी तो मां के सामने रोने बैठ गई। आंसू बहाते हुए बोली मां तुमने मुझे किस घर में पटक दिया। वहां तो मेरी कोई इज्जत ही...

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