सुविचार
जय श्री राधे कृष्ण ….. " पसंदीदा रिश्तो को संभाल कर रखना क्योंकि अगर खो गए तो Google भी नहीं ढूंढ पाएगा…..!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से परिपूर्ण हो.....
जय श्री राधे कृष्ण ….. " पसंदीदा रिश्तो को संभाल कर रखना क्योंकि अगर खो गए तो Google भी नहीं ढूंढ पाएगा…..!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से परिपूर्ण हो.....
हेनरी फोर्डहेनरी फोर्ड दुनिया के पहले ऐसे बिजनेस मैन थे जो अपने कर्मचारियों को मार्केट में सबसे ज्यादा वेतन देने के लिए जाने जाते थे। एक बार एक पत्रकार आया और उसने हेनरी फोर्ड से पूछा,"आप सबसे ज्यादा वेतन किसको...
जय श्री राधे कृष्ण ….. " सिर्फ एक दिल ही है जो बिना, आराम किये सालों काम करता है, इसे हमेशा खुश रखिये, चाहे ये आपका हो या आपके अपनों का…..!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से परिपूर्ण हो.....
बूढ़े गिद्ध की सलाह एक बार गिद्धों (Vultures) का झुण्ड उड़ता-उड़ता एक टापू पर जा पहुँचा. टापू समुद्र के बीचों-बीच स्थित था. वहाँ ढ़ेर सारी मछलियाँ, मेंढक और समुद्री जीव थे. इस प्रकार गिद्धों को वहाँ खाने-पीने को कोई कमी...
जय श्री राधे कृष्ण ….. " जीवन में निरंतर नेक कार्य करते रहे कोई हमारा सम्मान करें या ना करें हमारी अंतरात्मा सदा हमे सम्मानित करेंगी, इससे बड़ा सुख जीवन में और कुछ नहीं है……!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता...
भगवान बुद्ध का तर्क एक बार भगवान बुद्ध से उनके एक शिष्य ने पूछा, भगवन आपने आज तक यह नहीं बताया कि मृत्यु के बाद क्या होता है। उसकी बात सुनकर बुद्ध मुस्कुराए, फिर उन्होंने उससे पूछा, पहले मेरी एक...
जय श्री राधे कृष्ण ….. " उम्मीद का दामन सदैव थामे रहे , यही वह पथ है, जो जीवन भर हमें गतिशील बनाकर रखता है..!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से परिपूर्ण हो.....
तपस्या का फल भगवान शंकर को पति के रूप में पाने हेतु माता-पार्वती कठोर तपस्या कर रही थी। उनकी तपस्या पूर्णता की ओर थी। एक समय वह भगवान के चिंतन में ध्यान मग्न बैठी थी। उसी समय उन्हें एक बालक...
जय श्री राधे कृष्ण ….. " जब यदि हम महान कार्य नहीं भी कर पाते है तो छोटे कार्यों को मन लगा कर करना चाहिए…!! सुप्रभात आज का दिन प्रसन्नता से परिपूर्ण हो.....
श्राद्ध का प्रचलन कब और कैसे ब्रह्माजी के पुत्र हुए महर्षि अत्रि,उन्हीं के वंश में भगवान दत्तात्रेयजी का आविर्भाव हुआ जिनके पुत्र महर्षि निमि और निमि के एक पुत्र हुआ श्रीमान् श्रीमान् बहुत सुन्दर था ; कठोर तपस्या के बाद...