अपने तो अपने होते है
अपने तो अपने होते है अशोक हॉस्पिटल के एक वार्ड मे माथा पकड़े बैठा था। उसकी गोद मे एक साल की बेटी सो रही थी। तीन साल का बेटा उसकी बांह पकड़े खड़ा था। पास मे ही उसकी पत्नी बैड...
अपने तो अपने होते है अशोक हॉस्पिटल के एक वार्ड मे माथा पकड़े बैठा था। उसकी गोद मे एक साल की बेटी सो रही थी। तीन साल का बेटा उसकी बांह पकड़े खड़ा था। पास मे ही उसकी पत्नी बैड...
जय श्री राधे कृष्ण ….. " किसी ने सच ही कहा है…जिस समय से हमारा मन, दूसरों के लिए अच्छा सोचना शुरू कर देता है, सुख-शांति उसी समय से, हमारे जीवन मे प्रविष्ट हो जाती है……!! हिंदु नववर्ष विक्रम संवत्...